मेरी बहन | बहन की चूत भाई का लंड

 
loading...

आदरणीय गुरूजी को सादर प्रणाम ! दोस्तों मैं आपका जाना पहचाना आगरा का रहने वाला विशु कपूर हूँ | वैसे तो मैं मस्ताराम.नेट और अन्तर्वासना स्टोरी डॉट कॉम का बहुत पुराना पाठक हूँ और इन दोनों साइट्स पर मैंने भाई बहन की चुदाई की अनगिनत कहानियाँ पढ़ी हैं तो मुझे इस तरह की जैसे भाई बहन, माँ बेटा और बाप बेटी की चुदाई की कहानी कतई पसंद नहीं हैं |

क्योंकी ये हमारे मौलीक रिस्ते होते हैं जिनसे हमें संस्कार प्रदान होते हैं क्योंकी ये रिश्ते हमारे सबसे करीबी और सगे रिश्ते होते हैं और मैं सगे रिश्तों में सेक्स करना घीनोना काम लगता है |

हाँ अगर रिश्ता केवल मुँह बोला हो तो अलग बात है और हाँ मैं बेशक करीब 5 साल से इस धंधे में हूँ लेकीन चूत का नशा मेरे दीलो दीमाग पर इस कदर चढ़ा है की उतरने का नाम ही नहीं लेता है | हालाँकी भोसड़ा तो मैं बीना पैसों के नहीं चोदता था लेकीन हाँ सील जरूर कभी कभी फ्री में तोड़ देता था जबकी भोसड़े में लंड डालने में ज्यादा मेहनत नहीं करनी पड़ती पर सील तोड़ने में बहुत मेहनत करनी पड़ती है | नई चूत की सील तोड़ते समय यह खास तौर पर ध्यान रखना पड़ता है की लड़की को दर्द की चुभन के साथ साथ लंड से उसकी चूत की असीम आनंद की भी प्राप्ती हो | खैर मैं आपको ज्यादा बोर न करते हुए अपनी कहानी पर आता हूँ |

बात उस समय की है जब में दसवीं में मथुरा जीले के एक गाँव में पढता था और तब मेरा पूरा परीवार गाँव में रहता था और उस गाँव के लीये न ही मेरे गाँव से और न ही आगरा वाले मकान से आना जाना संभव था तो मैंने उसी गाँव में एक मकान कीराये पर ले लीया जीसके पड़ोस में एक परिवार जीसमें जीवाराम चाचा उम्र करीब 48 उनकी पत्नी राजवती उम्र करीब 44 साल, दो बेटे संजय व सुरेश जीनकी उम्र क्रमशः 23 साल और 20 साल और एक बेटी डिम्पल जीसकी उम्र करीब 15 साल लेकीन 15 साल के हीसाब से उसकी चूचींयाँ बड़ी बड़ी थी और उसके चूतड़ भी बाहर को नीकले हुए और मोटे मोटे थे | जिसमें संजय की शादी हो चुकी थी इसलिए वो अपनी पत्नी और छोटे भाई सुरेश के साथ दील्ली जॉब के सीलसीले में शिफ्ट हो गया था जो उस गाँव में या तो कीसी तीज त्यौहार पर या कीसी अपने की शादी वीवाह पर ही गाँव आते थे | उस समय मैं सेक्स के बारे में कुछ भी नहीं जनता था और डिम्पल भी छोटी थी तो कीसी भी छेड़ छाड़ का मतलब ही नहीं बनता था | दोस्तों आप यह सेक्स कहानी मस्ताराम.नेट पर पढ़ रहे है |

पड़ोस में रहने के कारण मैं जीवाराम को चाचा कहता था और कहता क्या था उन सबको मैं अपना परीवार समझता था | तो इस नाते डिम्पल मेरी बहन लगती थी | समय चाचा चाची, भैया भाभी और डिम्पल को बहन समझते हुए गुजर रहा था क्योंकी पता नहीं क्यों जाने कैसा जादू है जो टीन एजर्स से नीकल कर और जवानी में पहला कदम रखते ही कीसी का आकर्षण बहुत अच्छा लगता है | मेरे कॉलेज जाने का रास्ता गाँव के पास एक जंगल से होकर गुजरता था | एक दीन कुछ ऐसी घटना मेरे साथ हुई जीससे मेरी जींदगी ही बदल गई तो हुआ यूँ की मेरे दसवीं के इम्तिहान शुरू हो चुके थे | तो शाम को जैसे ही मैं पढ़ने को बैठा तभी लाइट चली गई और जैसा की आप जानते हैं की गाँव की लाइट का कोई भरोसा नहीं होता यदी आये तो पलक भी न झपकाये और यदी नहीं आये तो 12 – 12 घंटे नहीं आती तो तभी मेरा लैंप जलाने के लीये माचीस का ढूँढना हुआ और इधर डिम्पल का मुझे ं खाने के लीये बुलाने से पहले अँधेरे में डराना हुआ तो पता नहीं कैसे अँधेरे में डिम्पल की चूचींयाँ मेरे हाथ में आ गई और उससे डरने की वजह से दब गई जो उस समय मुझे अनजाने में ही सही लेकीन मुझे डिम्पल की चूची दबाना बहुत अच्छा लगा पर ये मेरे लीये ऐसा करना बाद में पाप लगा जबकी एक तरफ मजा भी आया था और दूसरी तरफ बहन का रिश्ता भी था |

लेकीन रिश्ते पर मजा भारी पड़ गया और मेरा डिम्पल को देखने का नजरीया ही बदल गया मैंने कीसी को भी यहाँ तक की डिम्पल को शक न हो इसलिए अपना रिश्ता बनाये रखा लेकीन मन ही मन ऐसे मौके ढूंढने लगा जीससे मैं उसके चुचे दुबारा दबा सकूँ | जैसा की आप सभी भली भांती जानते हैं की ज्यादातर गाँव के लोग पहले खेतों और जंगल में फ्रेश होने जाया करते थे तो एक बार मेरे कॉलेज से लौटते समय डिम्पल को दस्त लग गए और वो पास के जंगल की ओर पानी का डिब्बा लेकर जाते हुए देखा तो मैंने उसे चड्डी उतारकर फ्रेश होते हुए देखा जीससे मुझे उसकी बिना झाँटो वाली चूत देखी तभी पता नहीं कैसे मेरा लंड खड़ा हो गया |

लेकीन मैंने अपने आप पर कंट्रोल रखा क्योंकी ये गाँव का मामला था और जैसा की आप लोग जानते ही हैं की ज्यादातर लोग दीन में अपने अपने खेतों पर होते हैं इसलिए मैंने उसका निर्णय ईश्वर पर छोड़ दीया और घर आकर पढ़ने बैठ गया | ऐसे ही समय बीतता गया और मेरे पेपर खत्म हो गए लेकीन मेरी कोई भी बात नहीं बनी | खैर जब मैं अपने घर लौटने को तैयार हुआ तो डिम्पल मुझसे मीलने आई तो उसके टॉप के ऊपर के 2 बटन खुले हुए थे जीसमें से उसके चूचे कोई भी देख सकता था | मैं उस समय पैंट नहीं पहनता था उस समय में निक्कर पहनता था तो डिम्पल को उस हालत में देखकर मेरा लंड खड़ा हो गया और मेरे निक्कर को खड़े लंड ने टैंट बना दीया था तो उसी समय डिम्पल की नज़र मेरे लंड वाली जगह पर पड़ी तो वो एकदम खील खिलाकर हँस पड़ी |

उसके हँसने पर मैंने पूछा की इतनी तेज़ हँसी कैसे आ गई आखीर बात क्या है? तो उसने उँगली से मेरे लंड की तरफ इशारा करते हुए कहा की ये कारण है जीससे मेरी हँसी नहीं रुक पा रही है | फिर थोड़ी देर बाद उसने मेरे लंड को देखने की माँग की तो मुझे बड़ा ताज़्ज़ुब हुआ की ये लड़की इतनी बोल्ड कैसे हो गई जो डायरेक्ट पहले मेरे लंड की तरफ उँगली से इशारा करके हँसी और अब मेरा लंड देखना चाह रही है? खैर मैं उसकी मिन्नतों के आगे मुझे झुकना पड़ा और मैंने अपना लंड दिखा दीया | जैसे ही मैंने अपना नीककर उतारा लंड महाशय उछल कर बाहर आ गए तो उसके मुँह से अनायास ही नीकला की हाय राम कीतना बड़ा और मोटा लंड है तुम्हारा?

ये इतना बड़ा और मोटा है

तो मेरी चूत तो बहुत छोटी है उसमें ये कैसे घुसेगा? इससे तो मेरी चूत तो बिलकुल फट जायेगी और मैं तो मर ही जाऊँगी | मैंने अपना लंड दीखाकर डिम्पल से कहा की मैं भी तुम्हारी चूत देखना चाहता हूँ तो क्या तुम मुझे अपनी चूत नहीं दीखाओगी? तो वो बोली क्यों नहीं ये चूत तुम्हारी ही तो है जो तुम चाहो इसके साथ कर सकते हो कहकर उसने अपनी स्कर्ट ऊपर को उठाई और अपनी चड्डी को नीचे खीस्का दी | जैसे ही उसने अपनी चड्डी खीस्काई वैसे ही मुझे उसकी गुलाबी अनछुई चूत के दर्शन हो गए | दोस्तों क्या चूत थी उसकी? दोस्तों आप यह सेक्स कहानी मस्ताराम.नेट पर पढ़ रहे है | उसकी चूत पर एक भी बाल नहीं था | उसकी चूत देखकर मेरा मन नहीं माना तो मैंने उससे कहा की डिम्पल थोडा पास आओ और मुझे तुम्हारी चूत जरा नज़दीक से दीखने दो तो वो मेरे बिलकुल पास आ गई तो मैंने उससे पूछा की क्या मैं तुम्हारी चूत का एक चुम्बन ले सकता हूँ? तो उसने जवाब दीया की यह मेरी चूत नहीं बल्की तुम्हारी चूत है |

तुम चाहे चुम्बन लो या कुछ भी करो |

फिर मैं तुरंत अपने घुटनों के बल बैठकर अपनी जीभ से उसकी चूत चाटने को हुआ वैसे ही उसकी मम्मी ने डिम्पल डिम्पल कहकर आवाज़ लगाई तो वो मुझसे छूटकर अलग हुई और उसने अपनी चड्डी ऊपर खीस्काई और अपनी स्कर्ट नीचे की और फिर की कहकर चली गई |

कुछ देर बाद जब उसकी माँ खेत में गेहूँ काटने के लिए और जीवाराम चाचा के लीये खाना लेकर के गई तो डिम्पल अपनी चड्डी और बनियान के बीना टॉप और स्कर्ट पहन कर आ गई और आकर उसने मेरा लंड निक्कर के ऊपर से ही पकड़कर मुझे खींचा और जीस कमरे में मैं सोता था वहाँ तक वो मेरा लंड पकड़कर खींचते हुए ले गई और पलंग पर मुझे धक्का मारकर गिरा दीया और अपनी स्कर्ट उठाकर मेरे मुँह पर बैठ गई और मुझसे अपनी चूत चटवाने लगी |

जैसे ही मैंने अपनी जीभ उसकी चूत के दाने से लगाई वैसे ही उसने अपनी चूत मेरे मुँह पर दबा दी | मैं भी अपनी जीभ को नुकीला करके उसकी चूत चाट रहा था ताकी मेरी जीभ उसके चूत के छेद में घुस जाये लेकीन मेरी जीभ उसकी चूत में घुस नहीं पाई क्योंकी उसकी चूत का छेद बंद था मतलब वो अभी तक कुँवारी थी तो मैंने उसकी चूत करीब 10 मिनट ही चाटी होगी की वो एकदम से अकड़ने लगी और उसकी चूत ने लावा फ़ेंक दीया जीससे मेरा पूरा मुँह उसकी चूत के रस से भीग गया तो मैंने अपने मुँह और गालोँ पर से अपनी उँगली द्वारा उसका रज चाट लीया जो मुझे थोडा कसेला सा स्वाद लगा |

फिर वो मेरे मुँह से हटी और उसने पहले अपना टॉप उतारा और बाद में स्कर्ट भी उतार दी मतलब वो एकदम से नंगी हो गई और मुझे भी बिलकुल नंगा कर दीया और मेरा लंड जो अब तक खड़ा हो चूका था को उसने पकड़ा और मेरे लंड का सुपाड़ा खोलकर अपने मुँह में डाल लीया और लोलीपोप की तरह चूसने लगी और मैं उसके चुचे दबाने लगा और उसके चूचियों की घुंडीओं को मसलने लगा तो वो गरम गरम आहें भरने लगी |

मेरा लंड तो पहले से ही खड़ा था उसके चूसने और जीभ से चाटने से मेरा लंड लोहे की गरम रॉड की तरह तन गया और उसका सुपाड़ा एक बड़े मशरूम की तरह फूल गया और लाल पड़ गया तो मैंने उसी दौरान जब मेरा लंड उसके मुँह में था अलमारी से कोल्ड क्रीम का डिब्बा उठाया और अपना लंड उसके मुंह से निकाल लीया और उस डीब्बे से ढेर सारी क्रीम मैंने अपने लंड पर लगाई और ढेर सारी क्रीम डिम्पल की चूत पर लगाई और उँगली से उसकी चूत में अंदर तक लगाई

फिर मैंने अपना लंड उसकी चूत पर घीसने लगा |

लंड और चूत पर क्रीम लगी होने के कारण लंड काफी चीकना होने के कारण बार बार उसकी चूत से फीसल जाता था तो डिम्पल ने मेरा लंड अपने हाथ में पकड़कर अपनी चूत के छेद पर रखा और मुझे धक्का लगाने को कहा तो मैंने पूरी ताक़त के साथ एक जोरदार धक्का लगा दीया जिससे डिम्पल को बहुत तेज दर्द हुआ और उसकी एक जोरदार चीख नीकल गई उस दौरान वहाँ आसपास कोई नहीं था वरना आज मैं रंगे हाथों पकड़ा जाता और खोपड़ी पर जूतों की वारीस हो जाती इसके साथ ही मेरे लंड का सुपाड़ा डिम्पल की चूत को फाड़ता हुआ करीब 3 इंच तक घुस गया तो मैंने 3 इंच तक अपने लंड को धीरे धीरे बिना चूत से बाहर निकाले अंदर बाहर कीया और साथ साथ उसके दूध एक हाथ से दबाये और दूसरे दूध को अपने मुँह में लेकर चूसने लगा जीससे उसे चूत के दर्द में आराम मीला तो मैंने एक और जोरदार पूरी ताक़त से दूसरा धक्का लगा दीया जीससे मेरा लंड डिम्पल की चूत में करीब 6 इंच तक घुस गया लेकीन इस बार दूसरा धक्का देने से पहले उसके दोनों हाथों से दूध दबाये और अपने होंठ उसके होंठो पर रख दीये जीससे उसकी चीख तो नीकली लेकीन मेरे मुँह में ही घुट कर ही रह गई और उसी दौरान वो बुरी तरह से छटपटा रही थी लेकीन मैंने उस पर कोई भी रहम नहीं कीया और 3 से 4 धक्के पूरी ताक़त से लगातार लगा दिए

जीससे मेरा पूरा लंड डिम्पल की चूत में घुस गया जिससे उसे बहुत तेज दर्द हुआ |

फिर मैं कुछ समय के लीये रुक गया और उसके दूध दबा दबा कर पीने लगा जीससे उसे दर्द में बहुत आराम मीला और उसने अपनी कमर नीचे से हीलाना शुरू कर दीया तो मैंने भी उसकी ताल में ताल मिला दी और धीरे धीरे धक्के लगाने लगा | कुछ ही देर में उसका दर्द मजा में बदल गया और उसने मेरा लंड अपनी चूत से नीकाले बीना वो मेरे ऊपर आ गयी और मेरे लंड पर तेजी से कूदने लगी | करीब 10 मिनट बाद उसकी चूत से गाढ़ा गाढ़ा सा सफ़ेद चीप चीपा सा निकलने लगा तो मैंने भी अपना लंड उसकी चूत से नीकाले बीना अपने नीचे डिम्पल को ले लीया और फूल स्पीड से अपने लंड से उसकी चूत में धक्के लगाने लगा और मैंने अलग अलग मुद्राओं में उसे करीब 55 मिनट तक चोदा तब कहीं जाकर मेरा बीज नीकला जो मैंने चुदाई के दौरान उसकी चूत में डाला और उस बीच डिम्पल करीब 4 बार झड़ी | उसके बाद मैं थककर डिम्पल के ऊपर ही गीर गया तो डिम्पल ने मेरे ऊपर चुम्बनों की वारीश कर दी और उसने मुझे अपने सीने से चीपका लीया | कुछ समय बाद जब डिम्पल को जब पेशाब लगी तो उसने तब मुझे छोड़ा और उठकर पेशाब के लीये जाने लगी तो उससे दर्द के कारण चला नहीं जा रहा था |

इसलिए मैंने उसे अपनी गोद में उठाकर ले गया और पेशाब करवाई गरम पानी से उसकी चूत की सिकाई की जीससे उसकी चाल थोड़ी सही हुई | उसके बाद मैंने अपना सामान लेकर मैं अपने घर आ गया |  दोस्तों आप यह सेक्स कहानी मस्ताराम.नेट पर पढ़ रहे है | उसके बाद से मुझे जब भी समय मीलता था मैं उसके गाँव जाकर मीलता था और मौका मीलने पर उसकी चूत भी मरता था लेकीन अब उसकी शादी हो चुकी है पर जब भी वो अपने मायके आती है तो मुझे फ़ोन जरूर करती है ताकी मैं उसे चोद सकूँ |



loading...

और कहानिया

loading...


Online porn video at mobile phone


Chut kahani hot hot xxxbfxxx photos Antrvasna hindi kahanididichodaikahanistori hindi sexylesbian college girl hindi antarvasnasavita bhabhi sex stories in hindiपपा के बचे की माँ बनी सेसी फोटो के साथ ।बंद कमरे में बंद हो की सेक्सी वीडियो छोटी बहिन को छोड़ा छोड़ा वीडियोhot indian sex storiesarahar me chaci ki chudai antrvashnahindisxestroyhndihotsexsexystorymamihindibhabhi.kochudi.sex.story.antavasnasambhoghindikahanichudaifotobahen.hindisecystoriZada me sexhindi storyantarvasnan ki kahani in hindimeri kunwari jawani looti gunde ne antarvasnasexstories.comdesi girl antervasna storiswap ni xxxchudai ki khani sir tusanbiwi aur nanad ki sex storyonline जो लड़की चुदी न हो बूब्स न दबाया गया हो उसकी पहचान क्या है .सेकसी कहानी जबरजती की चाची की हिदी मे 2018 comkamukta audio storiesnew sex hindi setori kamuktaindin bhahan bhae adiwasi xxx videoboobsphotokahanihindixxxhdvideoscomhindi sex kahaniya in hindiaunty ko choda story in hindiwww.pornkahanichachi.comrajsharma storeg dede ke cudaeमामा पापा झवझवी कथाdesi girl antervasna storissexy kahani behandesi girl antervasna storispurn saxymastram sexy story in hindiBhai ke lad se chut ki pyas bujai ANTRAVASNAMsexstoryoudoचुदाईhindi saxxxnx हीदि मे चिलाये फूलnew sex photoचूदाई कि कहानियाsavitabhabhi sexy storiessexxxxshobhaodia chudai kahanikamuk kathaye naw yowan jija saali desi girl antervasna storisइडियन सेक्सी सुहागरात कहानीhindisxestroyभैया से छूपके भाभी चूदवाई देवर सेवो चुदी मेरे सामनेholi sex storieswwwhinde.dase sax kamukta stores .comsaxi kahani hindibhai behan ki chudai ki kahani in hindichenni.sexkhandani chuddkad xxxविडिऔ चूदाइ चूत नगि लकिdesi girl antervasna storismami aur khala ka lesbian storiwwwxxx.bihari.girls.ke.chudai.khani.video.commaakichudaistory.hindibadnaamristeXXNX KHANI HINDEhttp://zavodpak.ru/%E0%A4%A6%E0%A5%8B%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%A4-%E0%A4%95%E0%A5%80-%E0%A4%AC%E0%A5%80%E0%A4%B5%E0%A5%80-%E0%A4%94%E0%A4%B0-%E0%A4%B8%E0%A4%BE%E0%A4%B2%E0%A5%80-%E0%A4%95%E0%A5%80-%E0%A4%9A%E0%A5%81/www.bade.bobas.bhabi.ko.nahte.dekha.khani.sex.dot.com.download savita bhabhi ki chudaihindi story gandiचुदाईnokarnechodahindisxestroyxxx hot sexi bhabhi sunita kalal video 2017मां और बेटी दोनों को रंडी बनायाhindi chudai khanni chut mare prachi kiantrvasnasaxstoriesbursexer chodanahindi antar vasan xxxचुदाइक काहानियाँIndian suhaagraat xnzn videspublic sex hindi kahanibhai behan chudai hindivete ki gandi najar mom pe muvi cliphindi kahani mastramsexstoryhindisali Xxx Usko pata hai kya mujhe pe laga hua samajh mein nahi aatadidi ki kahani hindisadisuada ki xxx video.comchachihindisexkahaniSahityaaunty.urdu hindi kahaniHINDICHACHICHUTchudai hindi photohaind sexy storybhai bahan gorop sex x stori